भारतीय एस्ट्रोनॉट का सम्मान:अमेरिकन एयरोस्पेस कंपनी ने स्पेसक्राफ्ट का नाम कल्पना चावला पर रखा, 29 सितंबर को वर्जिनिया से इसे लॉन्च किया जाएगा

 

कल्पना चावला का जन्म हरियाणा के करनाल में हुआ था। वे भारत में पैदा हुईं ऐसी पहली महिला एस्ट्रोनॉट थीं जो अमेरिकन स्पेस मिशन का हिस्सा रहीं थीं। -फाइल फोटो

  • अमेरिकन एयरोस्पेस कंपनी नार्थरोप ग्रुमैन ने कल्पना चावला के कार्यों को सम्मान देने के लिए अपने सिग्नस कैप्सूल का नाम उन पर रखा
  • कल्पना का जन्म 17 मार्च 1962 को हरियाणा के करनाल में हुआ था, 2001 में नासा के कोलंबिया स्पेस मिशन से लौटते वक्त उनकी मौत हो गई थी

अमेरिका के एक कमर्शियल कार्गो स्पेसक्राफ्ट का नाम भारतीय एस्ट्रोनॉट कल्पना चावला के नाम पर रखा गया है। अमेरिकन एयरोस्पेस कंपनी नार्थरोप ग्रुमैन ने बुधवार को इसका ऐलान किया। कंपनी ने कहा, ‘‘हमने नासा की भारतीय मूल की पहली महिला एस्ट्रोनॉट कल्पना चावला को सम्मान देने के लिए अपने अगले सिग्नस कैप्सूल का नामएस एस कल्पना चावलारखने का फैसला किया है। उन्होंने 2001 में कोलंबिया स्पेस मिशन के लिए अपनी जिंदगी कुर्बान कर दी थी। ह्यूमन स्पेस फ्लाइट के क्षेत्र में उनका काम लंबे समय तक याद रखा जाएगा।’’

कंपनी ने अपनी वेबसाइट पर लिखा- नार्थरोप ग्रुमैन हर बार अपने स्पेसक्राफ्ट का नाम ऐसे लोगों पर रखता है, जिन्होंने अंतरिक्ष के क्षेत्र में शानदार काम किया हो। हमें अपने स्पेसक्राफ्ट का नाम कल्पना चावला के नाम पर रखकर गौरव महसूस हो रहा है।

29 सितंबर को लॉन्च होगा कल्पना चावला स्पेसक्राफ्ट

यह स्पेसक्राफ्ट 29 सितंबर को इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन के लिए लॉन्च किया जाएगा। इस मिशन का नाम एनजी-14 रखा गया है। इसे कंपनी के एंटारेस रॉकेट की मदद से लॉन्च किया जाएगा। लॉन्चिंग वर्जिनिया स्थित नासा के स्पेस सेंटर से होगी। यह दो दिन के बाद इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (आईएसएस) पहुंच जाएगा। इसकी मदद से आईएसएस पर 362 किग्रा सामान पहुंचाया जाएगा।

स्पेस मिशन से लौटते वक्त हुई थी कल्पना की मौत

कल्पना का जन्म 17 मार्च 1962 को हरियाणा के करनाल में हुआ था। शुरुआती पढ़ाई में भारत करने के बाद वह अमेरिका चली गईं थीं। वहां से एयरोस्पेस इंजीनियरिंग में मास्टर्स की डिग्री करने के बाद उन्हें नासा में काम करने का मौका मिला। वह नासा के एक मानव मिशन को पूरा कर चुकीं थीं। 2001 में वह दूसरे मिशन से लौटते वक्त नासा का स्पेसक्राफ्ट क्रैश हो गया था। इसमें कल्पना चावला समेत स्पेसक्राफ्ट में सवार 6 एस्ट्रोनॉट्स की जान चली गई थी।

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